प्रेरणादायक हिन्दी फिल्में जो हमें अवश्य देखनी चाहिए

प्रेरणादायक हिन्दी फिल्में जो हमें अवश्य देखनी चाहिए।

फिल्म

हमारे जीवन में बहुत बार ऐसा होता है कि लगातार संघर्ष और विपरीत परीस्थिति से जूझते हुए मन में निराशा आ ही जाती है।  इन कठिन समय में किस तरह उत्साह बनाये रखा जाए इसके लिए नियमित दिनचर्या से हट कर कुछ अतिरिक्त प्रेरणा की जरूरत होती है वह भी दिलचस्प तरीके से। इसके लिए हम मनोरंजक परन्तु प्रेरणादायक फिल्मे देख सकते हैं जिससे कि अपने ध्येय की तरफ हमारी हिम्मत बनी रह सके।

यहाँ हम कुछ फिल्मों की सूची दे रहे हैं जो निश्चित रूप से आपको प्रेरित करेंगी और लक्ष्य की तरफ ध्यान बनाये रखने में सहायक बनेंगी :-

लक्ष्य Lakshya

2004 में रिलीज हुई यह फिल्म उस युवक के बारे में है जो अपने जीवन के लिए कोई लक्ष्य निर्धारित नहीं करता। इस फिल्म में दिखाया गया है कि एक आलसी नवयुवक भारतीय सेना में अपनी नियति पाता है और वहां अपना जीवन लक्ष्य निर्धारित करता है। यह फिल्म दिखाती है कि एक बार लक्ष्य निर्धारित होने के बाद बिना हिम्मत हारे किस तरह उसे प्राप्त किया जाता है।

इकबाल Iqbal

यह फिल्म 2005 में रिलीज हुई थी। फिल्म में इकबाल एक बहरा और गूंगा लड़का है, जो भारत के लिए क्रिकेट खेलने का सपना देखता है। उसके पिताजी इस सपने को सिर्फ समय की बबार्दी मानते हैं। इसके बजाय, वे चाहते है कि इकबाल खेती में उनके साथ हाथ बटाये।

गुरू Guru

यह फिल्म 2007 में रिलीज हुई थी। फिल्म बताती है कि एक सामान्य आदमी भी न सिर्फ बड़े से बड़ा सपना देख सकता है बल्कि उस सपने को पूरा भी कर सकता है। यह फिल्म मशहूर कारोबारी स्वर्गीय श्री  धीरूभाई अंबानी के जीवन से प्रेरित है।

राकेट सिंहः सेल्समेन आॅफ द ईयर Rocket Singh : Salesman of the year

यह फिल्म 2009 में रिलीज हुई थी। हरप्रीत सिंह एक काॅमर्स ग्रेजुएट है जिसके काम और प्रतिभा को उसका संगठन कम करके आंकता है।  उसके साथी उसे जोकर सरदार कहते हैं। वह नौकरी छोड़ कर एक संगठन बनाता है-राकेट सिंह कोरपाॅरेशन। आगे की कहानी उसकी सफलता की है जो कि सबके लिए प्रेरणा का स्रोत है। यह फिल्म यह संदेश देती है कि पढ़ाई में अच्छा या खराब होना ही जीवन में सफलता का आधार नहीं होता है।  यह फिल्म यह भी  बताती है कि अच्छा  नेतृत्व अपनी टीम को किस तरह प्रोत्साहित करता है।

आई एम कलाम I Am Kalam

यह फिल्म 2011 में रिलीज हुई थी। आई एक कलाम एक प्रेरणादायक फिल्म है जो कि छोटू नाम के एक बच्चे के इर्दगिर्द घूमती है जो कि अपने चाचा के ढाबे में काम करता है। वह भारत के राष्ट्रपति श्री कलाम से प्रभावित होकर अपने आपको कलाम सुनना पसंद करता है। वह पढ़ाई और कड़ी मेहनत से अपने आदर्श कलाम जैसा ही बनना चाहता है।

भाग मिल्खा भाग Bhaag Milkha Bhaag

2013 में रिलीज हुई यह फिल्म महान धावक मिल्खा सिंह के जीवन पर आधारित है।  इसमें उनके जीवन और संघर्षो को दिखाया गया है। ‘भाग मिल्खा भाग’ हिन्दी सिनेमा की श्रेष्ठतम बायोपिक्स में से एक है।

मैरी काॅम Mary Com

2014 में रिलीज हुई यह फिल्म दिग्गज भारतीय महिला बाक्सर मैरी काॅम के जीवन पर आधारित है। फिल्म न सिर्फ उनकी सफलता की कहानी बताती है बल्कि उनके जीवन के संघर्ष को भी दर्शाती है।

मांझी – दि माउंटेन मैन Manjhi – The Mountain Man

दि माउंटेन मैन केवल एक हथौड़ा और छेनी का उपयोग करते हुए एक आदमी अत्यंत विपरीत परीस्थितयों के वावजूद पर्वत को चीर कर सड़क निमार्ण करता है वह भी लगातार 22 वर्षों के लगातार प्रयास से। यह 2015 में रिलीज हुई थे, दशरथ मांझी के जीवन पर आधारित है जिसमें उन्होंने 70 किमी लम्बे रास्ते को 1 किमी में तब्दील कर दिया। हर कदम पर लोगो द्वारा मजाक बनाया गया, परन्तु उनके दृढ़ इच्छाशक्ति और आत्मविश्वास ने असम्भव को भी संभव कर दिखाया।

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