उम्मीद न छोड़ें! सफलता अवश्य मिलेगी।

उम्मीद न छोड़ें! सफलता अवश्य मिलेगी।
Dont Loose Hope! You will win in Hindi

हम सभी अपने प्रोफेशन जीवन की यात्रा बहुत से सपनों, लक्ष्यों, उम्मीदों और प्रेरणाओं के साथ आरम्भ करते हैं। उस समय सफलता के लिए हमारा मूल मंत्र और सूत्र होता है-मैं जीतूंगा (I will win)। हम अपने जीवन में समाज को कुछ कर दिखाने और बनने की योजना बनाते हैं। हम जल्दी से जल्दी सफलता पाना चाहते हैं। परन्तु मार्ग में परिस्थिति और संयोग के तूफानों में फँस जाते हैं। अकल्पनीय चुनौतियाँ, कठिनाईयाँ और परिस्थितियाँ मार्ग में आ जाती हैं। ऐसे समय में यह प्रतीत होता है कि हमारे लक्ष्य और सपने बिखरते जा रहे हैं। हम उम्मीद का दामन छोड़ने लगते हैं। हम सोचते लगते हैं क्या हम कभी अपने लक्ष्यों को पूरा कर भी पाएंगे। कभी-कभी तो हम अपने आपको ऐसी परिस्थितियों में पाते हैं जहाँ सिर्फ और सिर्फ दूर-दूर तक नाउम्मीदी दिखती है।

अमेरिका के राष्ट्रपति कालबिन काॅलिज (Calvin Coolidge, 29th President 1923-29) एक दिन अपने कार्यालय में काम करते-करते थक गये। वे एक आराम कुर्सी पर लेट गए। उन्हें तुरन्त नींद आ गई। बड़े-बड़े अधिकारी और सामान्य नागरिक उनसे मिलने के लिए बाहर खड़े थे। उधर राष्ट्रपति सो रहे थे, उनके सचिव की घबराहट बढ़ती जा रही थी। उनसे लोग आग्रह-पर-आग्रह कर रहे थे, किन्तु उनका राष्ट्रपति को जगाने का साहस नही हो रहा था। कुछ समय पश्चात जब वह जागे तो उन्होनें अपने सचिव को परेशान व अस्त-व्यस्थ सा देखा।

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उन्होंने पूछा-‘क्यों धबराये हुए हो  Why you afraid? लगता है प्रलय आ गई है। क्यों, अमेरिका में तो सब कुछ अपनी जगह पर है न।’

इस कहानी में संकेत इस बात पर था कि चाहे कैसी भी परेशानी क्यों न हो, यदि हमारा अपना जीवन सुरक्षित है तो हम संसार की सबसे बड़ी सम्पत्ति के स्वामी हैं। यह हाड़-मांस का पुतला जिसे हम ‘मैं’ कहते हैं, हम औेर हमारे परिवार के लिए बेशकीमती मशीन है, जिसका एक-एक अंग बेशकीमती है। हमको लाख परेशानियाँ हो सकती है, हम-आप दुखित हो सकते हैं, बेचैन हो सकते हैं, बार-बार पिछड़ने से निराश हो सकते हैं, पर यदि जीवन जैसी बहुमूल्य सम्पदा हमारे पास है तो सब कुछ है। स्थिति में शीघ्र ही सुधार की पूर्ण संभावना रहती है, बस हिम्मत नहीं हारनी है always be positive.

एक बार कोई व्यक्ति परिस्थितियों से घबरा कर आत्महत्या करने जा रहा था। मार्ग में संयोग से उसकी भेंट एक संत से हो गयी। वह उनके सामने रोने लगा और कहने लगा कि मेरा सर्वस्थ नष्ट हो गया। सारी सम्पत्ति स्वाहा हो गयी। मैं मिट्टी मे मिल गया। हाय, अब मेरे पास बचा ही क्या है। मुझे मर जाना चाहिए।

संत ने कहा-तू अपने आपको तुच्छ और गरीब कहता है। तेरे पास रुपया, सम्पत्ति, वैभव, विलास की वस्तुएँ नहीं है तो क्या हुआ! ला, अपनी एक आँख मुझे देदे, मैं तुझे 5 हजार रुपये अभी देता हूँ। दोनो कान काट कर देदे। 10 हजार ऊपर से और दूँगा।

पर वह तैयार नहीं हुआ। फिर उस संत ने समझाया यह तेरे पास लाखों रुपये का कीमती शरीर है। ईश्वर ने इतनी बहुमूल्य सम्पत्ति तुझे दी है, फिर भी तू अपने आपको दीन-हीन कहता है।

यह सुनकर निराश व्यक्ति में नयी आशा का संचार हुआ और आगे जाकर सफल भी हुआ।

वास्तव में सर्वाधिक महत्व की वस्तु यह मानव-शरीर हमारे पास है। तनिक से विरोध और परेशानी के क्षणों में हम निराश होकर अपने आपको दीन-हीन और तुच्छ मानने लगते हैं। अपनी कीमत भूल जाते हैं। आर्थिक अभाव, बार-बार प्रयास से भी कामयाबी न मिलना, परेशानी में फंस कर अपने आपको महत्वहीन समझने लगते हैं। लेकिन सोचिए, जब तक आपके पास यह शरीर है तब तक सब कुछ है। आपको जो अब तक प्राप्त नहीं हो सका है, वह आगे प्राप्त हो सकता है।

यह जीवन अमूल्य है। बीता हुआ जीवन वापस नहीं आता, यह कौन समझदार व्यक्ति नहीं जानता, किंतु कितने लोग समय का सदुपयोग करते हैं। आपको भावी सफलता के लिए उम्मीद रखना बहुत आवश्यक है और आपको उम्मीद का दामन किसी भी हालात में नहीं छोड़ना है। प्रतिदिन अपने लक्ष्य को पूर्ण करने की सौगंध लीजिए, अपने aim पर नजर रखिए। उसे पूर्ण करने का प्रयास करते रहिए। इसी में आपकी सफलता का राज छुपा है।

शरीर को सुरक्षित, स्वस्थ, सक्रिय, प्रसन्न, रखिए, फिर जो भी उद्देश्य हो, परिश्रम और लगन से पुनः कोशिश कीजिए और करते ही रहिए जब तक की कामयाबी कदम न चूमे। इसी में आपकी सफलता का राज होगा।

ईश्वर एक बार में एक ही क्षण देता है। दूसरा क्षण देने से पहले उस क्षण को वापस ले लेता है। अगर उस क्षण से लाभ न उठाया गया, तो निश्चित ही वह समय आपसे छीन लिया जाएगा। वही फायदे में रहेगा जिसने उस समय का फायदा उठा लिया। जिसने खो दिया, उसने उसे सदा के लिए नष्ट कर दिया।

अधिकांश लोग प्रायः यह सोचते हैं कि बस थोड़ी परिस्थितियाँ ठीक हो जाएँ, तब फिर से जी-जान से मेहनत करूंगा। परन्तु हम सभी उस व्यक्ति के विषय में जानते हैं, जो समुद्र में नहाने के लिए गया था। लेकिन नहाना तब चाहता था, जब लहरें थम जाएँ। वह प्रतीक्षा करने लगा। उसकी प्रतीक्षा कभी पूरी नहीं हुई। बिना नहाये ही वह बेचारा रह गया।

इसलिए हमें हार नहीं मानना है, उम्मीद नहीं छोड़नी है और प्राप्त परिस्थितयों में ही समय एवं शक्ति का निर्माण कर कुछ करना होगा।

Hope Quotes in Hindi – सफलता के मंत्र

जब सोचा कि बस अब नहीं हो सकता, मैंने अपने आप को संभाला निश्चय किया कि प्रयास किसी भी हालात में नहीं छोड़ना है।  मुझे सफलता किस्मत से नहीं, बल्कि लगातार प्रयास की वजह से मिली।
“When I thought I couldn’t go on, I forced myself to keep Going. My Success is based on persistence not luck” -Estee Lauder


नदी अपनी शक्ति की वजह से नहीं, बल्कि अपने सतत प्रयास से चट्टानो को कट कर रास्ता बना देती है।
A river cuts through rock, not because of its power, but because of its persistence.  -James N. Watkins


दृढ रहें, और प्रयास करते रहें, देखें जो नाउम्मीदी और असफलता लग रही है वह कैसे शानदार सफलता में बद ल जाएगी। A little more persistence, a little more effort, and what seemed hopeless failure may turn to glorious success.  – Elbert Hubbard 

Also Read : आखिर हम बार-बार हारते क्यों है?


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28 thoughts on “उम्मीद न छोड़ें! सफलता अवश्य मिलेगी।

    1. किसी भी परिस्थिति में खुशियां ढूंढ लेना चाहिए। यही जीवन जीने की कला है। खुश रहें प्रसन्न रहें। पोस्ट लाइक करने के लिए आपका आभार और धन्यवाद।

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